कर्नाटक में अल्कोहल आधारित उत्पाद शुल्क लागू
कर्नाटक भारत का पहला राज्य बन गया है जिसने पेय पदार्थों में अल्कोहल आधारित उत्पाद शुल्क प्रणाली लागू की है। यह नई नीति 11 मई से प्रभावी हो गई है।
इस नई व्यवस्था के साथ राज्य सरकार ने शराब की कीमत निर्धारण प्रणाली में भी बड़ा बदलाव किया है और अधिकतम खुदरा मूल्य (MRP) प्रणाली को समाप्त कर दिया है।
नई मूल्य निर्धारण प्रणाली
अब उत्पादक बाजार की मांग और पेय पदार्थ में मौजूद अल्कोहल की मात्रा के आधार पर अपने उत्पादों की कीमत तय कर सकेंगे।
उत्पाद शुल्क अब ब्रांड के बजाय शराब में मौजूद अल्कोहल की मात्रा के आधार पर लगाया जाएगा, जिससे टैक्स प्रणाली में बड़ा बदलाव आया है।
नीति का प्रभाव
यह सुधार राज्य में शराब मूल्य निर्धारण को अधिक लचीला बनाएगा और कर प्रणाली को उपभोग आधारित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।